प्यारमय Pyarmay
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Altın Yaprak
प्यारमय
देखो मगर प्यार से
बाते करो अपनों से
हर लफ्ज़ कुछ ना कुछ इशारा हो
भावात्मक लगे की कुछ तो हमारा हो।
ये जंग जरूर है
पर हम सब हमसफ़र है
कहीं कही इच्छाएं पनपती है
कहीं कहीं हो जाती ज्यादती है।
ना करना ऐसी बेहूदी हरकत
जी से लगने लगे ल्यानत
दिल हमेशा शुकुन गवा दे
और गुनाह की गवाही दे।
प्यार तो दूर से भी हो सकता है
किसी और को अपना बनाकर जीता है
अपनेपन का एहसास करवाता है
फिर भी आनंदमय जीवन को जीता है।
हो सकता है तुम्हारा प्यार एकतरफा हो
उसकी वफ़ा और आपकी वफ़ा में अंतर हो
उसकी आँखे आपमें कुछ और ढूंढ़ रही हो
जिसे आप अपने सपनो में पिरो रहे हो।
प्यार कभी राह नहीं देखता
किसी को देखकर आहे नहीं भरता
अपने नजदीक होने का आभास करवाता है
प्रेम में प्यारमय होनेका दिलासा भी दिलवाता है।
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