छोटी सी मनसा.. Chhoti Si
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Altın Yaprak
छोटी सी मनसा
बिलकुल निम्न स्तर पर ला छोड़ा है
दिल को पत्थर सा बना के छोड़ा है
हम पहले तो ऐसे ना थे?
कहाँ हम आ गए और कहाँ जा रहे थे?
दिल तो धड़कता था
सब सन्देश झेलता था
बस अब नहीं आते कोइ सन्देश
हमें आते रहते है अंदेश।
हम चाहते हुए भी देखते रह गए
सब कोई हँसते हँसते चले गए
किसीने न पूछा मेरी इच्छा क्या थी?
बस यही तो छोटी सी मनसा थी।
दिल तो है छोटा सा
हो जाता है गमगीन थोड़ा सा
बस सोचने लगता है दिनभर
आँखे हो जाती है नम ओर सभर।
हम कुछ कहना चाहते है
आप पहले से ही जानते है
हमारा दिल यूँही सब कुछ भूल चुका
अंदर ही अंदर दुबक के मर चुका।
न देना आवाज़ पीछे से भूलकर भी
हम कुछ ना कर पाएंगे सुनकर भी
बस यही हमारी मंज़िल है और राह भी
नहीं निकलेंगे लफ्ज़ ओर आह भी।
हम चाहते हुए भी देखते रह गए
सब कोई हँसते हँसते चले गए
किसीने न पूछा मेरी इच्छा क्या थी?
बस यही तो छोटी सी मनसा थी।
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